भोपाल। मध्य प्रदेश में मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। प्रदेश के सभी 55 जिलों की पुलिस को धार्मिक स्थलों से जुड़ी चोरी और अन्य आपराधिक घटनाओं को गंभीरता से लेने तथा ऐसे मामलों की तेजी से जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों से कहा गया है कि केवल आरोपितों की गिरफ्तारी तक कार्रवाई सीमित न रहे, बल्कि चोरी गई मूर्तियों, आभूषणों, दान पेटियों और अन्य धार्मिक सामग्री की बरामदगी भी प्राथमिकता में रखी जाए।
धार्मिक स्थलों से जुड़े अपराधों पर विशेष निगरानी
सरकार और पुलिस मुख्यालय ने धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर जिला पुलिस को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। मंदिरों में होने वाली चोरी की घटनाओं की सूचना मिलने पर तत्काल जांच शुरू करने, संदिग्धों की पहचान करने और चोरी के सामान की रिकवरी पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है। पुलिस का उद्देश्य ऐसे मामलों में तेजी से कार्रवाई कर धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है।
इस बीच प्रदेश के अलग-अलग जिलों में पुलिस की कार्रवाई के परिणाम भी सामने आए हैं। पांढुर्ना, छतरपुर, धार और बड़वानी में हाल के दिनों में मंदिर चोरी के मामलों का खुलासा करते हुए पुलिस ने आरोपितों को पकड़ा और उनके पास से मूर्तियां, आभूषण, नकदी, दान पेटियां तथा चोरी में इस्तेमाल किए गए सामान बरामद किए।
पांढुर्ना में 24 घंटे के भीतर खुला मामला
पांढुर्ना जिले में 22 अगस्त को तीन मंदिरों में चोरी की घटनाएं सामने आई थीं। पुलिस ने जांच करते हुए करीब एक दिन के भीतर मामले का खुलासा कर तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से सात मूर्तियों के अलावा मुकुट, घंटियां, दान पेटियां और करीब 56,849 रुपये नकद बरामद किए गए। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई को धार्मिक स्थलों से जुड़े अपराधों में तेजी से जांच के उदाहरण के तौर पर देखा जा रहा है।
छतरपुर के नैनागिरी क्षेत्र में 13 अगस्त को तीन मंदिरों में हुई चोरी की घटना की जांच में भी पुलिस को सफलता मिली। कार्रवाई के दौरान नकदी के साथ वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल, कटर मशीन, ब्लेड और अन्य उपकरण बरामद किए गए। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
धार और बड़वानी में भी चोरी का खुलासा
धार जिले में 22 अगस्त को एक प्रमुख मंदिर में हुई चोरी की जांच के दौरान पुलिस ने करीब 2.30 लाख रुपये मूल्य की धार्मिक सामग्री बरामद की। बरामद सामान में चांदी के मुकुट, बालियां, छत्र और अन्य आभूषण शामिल बताए गए हैं। पुलिस ने मामले में आरोपितों तक पहुंचने के लिए जांच के विभिन्न पहलुओं को खंगाला।
वहीं बड़वानी के मंगलनाथ हनुमान मंदिर में 21 अगस्त को हुई चोरी के मामले में पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और वैज्ञानिक जांच से मिले सुरागों के आधार पर कार्रवाई की। जांच के बाद महाराष्ट्र से एक आरोपित को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से चोरी की गई दान पेटी और अन्य सामग्री बरामद होने की जानकारी सामने आई है।
भोपाल में मंदिरों को निशाना बनाने वाला गिरोह पकड़ा गया था
मंदिरों की सुरक्षा को लेकर पुलिस की सक्रियता के पीछे हाल में सामने आए कई मामलों को भी अहम माना जा रहा है। जुलाई में भोपाल पुलिस ने छह सदस्यों वाले एक गिरोह को पकड़ा था, जिस पर भोपाल के साथ रायसेन और विदिशा के मंदिरों में चोरी करने का आरोप था। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 16 चांदी के मुकुट और करीब चार लाख रुपये मूल्य की अन्य धार्मिक सामग्री बरामद की थी।
इस गिरोह के मुख्य आरोपित पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस पूछताछ में उसके द्वारा मंदिरों में चोरी की 12 घटनाओं में शामिल होने की जानकारी सामने आई थी।
अब 55 जिलों में सुरक्षा व्यवस्था पर नजर
लगातार सामने आ रहे मंदिर चोरी के मामलों को देखते हुए प्रदेशभर में धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर निगरानी बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। जिला पुलिस को निर्देश दिए गए हैं कि संवेदनशील धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करें और किसी भी घटना पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें। पुलिस की कोशिश है कि चोरी की घटनाओं को रोकने के साथ-साथ वारदात के बाद चोरी गई धार्मिक सामग्री को जल्द से जल्द बरामद किया जा सके।










